baroque pop

अधूरा राग (The Unfinished Raga)

दीया (Diya)

89 تشغيل · 0 مفضلة · 5:47

الكلمات

धूल की परतों में छुप गए वो आईने
दराजों में सो गए पुराने अफ़साने
पीली चिट्ठियों की वो हल्की सरसराहट
दे रही है आज फिर दिल पे एक आहट
बचपन की गलियों का वो मखमली एहसास
जैसे कोई रूह आज भी हो मेरे पास

वक्त की स्याही थोड़ी धुंधली सी हुई
पर वो खुशबू आज भी अनसुनी नहीं
बचपन का वो हसीन सा किनारा
तेरी हँसी का वो मीठा सहारा

अधूरा वो राग जो हमने गुनगुनाया था
हारमोनियम की सुरों में जो सजाया था
बरसों बाद भी वो धुन आज ज़िंदा है
रूह के किसी कोने में वो शर्मिंदा है
टूटे नहीं ये रेशमी धागे कभी
साँसों में महकते हैं ये आज भी

अधूरा राग
पूरा हुआ आज
सुरों का साज़
वही पुराना अंदाज़

सफ़ेद चाबियों पे थिरकती थी उँगलियाँ
बातों ही बातों में बीतती थीं घड़ियाँ
रिकॉर्डर की वो एक मीठी सी पुकार
जैसे कोई रूहानी सा वो इकरार
धुंधले से शीशे पे तेरा नाम लिखा था
वो पल जैसे सदियों से मुकम्मल दिखा था

वक्त की स्याही थोड़ी धुंधली सी हुई
पर वो खुशबू आज भी अनसुनी नहीं
बचपन का वो हसीन सा किनारा
तेरी हँसी का वो मीठा सहारा

अधूरा वो राग जो हमने गुनगुनाया था
हारमोनियम की सुरों में जो सजाया था
बरसों बाद भी वो धुन आज ज़िंदा है
रूह के किसी कोने में वो शर्मिंदा है
टूटे नहीं ये रेशमी धागे कभी
साँसों में महकते हैं ये आज भी

फासलों ने बस ज़मीन के नक्शे बदले
पर हमारे गीत के सुर कभी न फिसले
हार्पसीकोर्ड की इस मखमली लहर में
तू आज भी शामिल है मेरे हर पहर में
ये दूरियाँ तो बस इक पर्दा हैं
हम आज भी एक दूजे में ज़िंदा हैं

हल्की थाप
मीठा विलाप
यादों का जाप
बिना किसी माप

अधूरा वो राग जो हमने गुनगुनाया था
हारमोनियम की सुरों में जो सजाया था
बरसों बाद भी वो धुन आज ज़िंदा है
रूह के किसी कोने में वो शर्मिंदा है
टूटे नहीं ये रेशमी धागे कभी
साँसों में महकते हैं ये आज भी

वही राग, वही सुर, वही बात
खामोश होकर भी साथ है ये रात
अधूरा राग अब पूरा हो रहा है
बीता कल फिर से नया हो रहा है

التعليقات (0)

0/500

جارٍ التحميل…

أغاني ذات صلة